*image credit IPRD, Jharkhand

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि अपनी कार्य शैली में बदलाव लाएं। नई कार्यशैली विकसित करते हुए नए झारखंड के निर्माण में बढ़-चढ़कर अपनी भूमिका निभाएं।  उन्होंने कहा कि विकास में तेजी लाने के लिए और  सर्वांगीण विकास के लिए लक्ष्य निर्धारित करते हुए ससमय पर उन्हें पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध होकर काम करें। मुख्यमंत्री श्री रघुवर दास  आज जमशेदपुर में विभिन्न विकास योजनाओं की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए बोल रहे थे। मुख्यमंत्री द्वारा पूर्वी सिंहभूम, जमशेदपुर के परिसदन में स्वच्छ भारत मिशन शहरी/ग्रामीण मोहरदा जलापूर्ति योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी (देव नगर सहित)/ ग्रामीण, प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना, सौभाग्य योजना, ग्राम स्वराज योजना, आकांक्षी जिला अंतर्गत विभिन्न योजनाओं की समीक्षा की गई।

स्वच्छ भारत मिशन शहरी/ ग्रामीण के  तहत शौचालय निर्माण के कार्य की जानकारी देते हुए उपायुक्त ने कहा कि  जिला प्रशासन द्वारा बेसलाइन सर्वे के अनुसार शौचालय निर्माण का कार्य 15 जुलाई 2018 तक पूर्ण कर लिया जाएगा. स्लिप बैक शौचालय का निर्माण कॉर्पोरेट सोशल रेस्पोंसिबिलिटी के तहत टाटा स्टील द्वारा किया जाना है। जिले को खुले में शौच से मुक्त घोषित करने के लिए बेसलाइन और स्लिप बैक दोनों ही शौचालय का निर्माण पूर्ण होना चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला प्रशासन पूर्वी सिंहभूम द्वारा बेसलाइन शौचालय के संतृप्त होने के बाद जिले को पूर्ण रूप से ओडीएफ घोषित करने के लिए टाटा स्टील को समय पर कार्य पूर्ण करना होगा। टाटा स्टील के द्वारा सीएसआर के तहत शौचालय निर्माण के कार्य में धीमी गति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए अपनी कार्य नीति में सुधार लाने और त्वरित गति से समय पर लक्षित संख्या में शौचालय निर्माण पूर्ण करने का आदेश मुख्यमंत्री ने दिया। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि पूरे राज्य में 40,000 महिलाओं को रानी मिस्त्री का प्रशिक्षण दिया गया है। जन सहयोग से काम की शक्ति  बढ़ती है और योजनाएं सफलीभूत होती हैं। जनता  का योजनाओं के साथ जितना जुड़ाव होगा योजनाएं धरातल पर उतनी ही सार्थक रुप से कार्यान्वित होंगी।

मोहरदा जलापूर्ति योजना की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पानी के चलते ही कुपोषण और कई तरह की बीमारियों को पनपने का अवसर मिलता है।  सभी को स्वच्छ पानी मिले और इसे सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए समय से पूर्व नई पाइप लाइन को बिछाने और घर-घर तक पाइप लाइन के माध्यम से जल आपूर्ति सुनिश्चित करें। तीनों क्षेत्रों में LED वेन के माध्यम से जल आपूर्ति के कनेक्शन हेतु एनरोलमेंट कराने का व्यापक प्रचार-प्रसार करने का निर्देश जनसंपर्क विभाग को मुख्यमंत्री ने दिया।

प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत देवनगर नवजीवन आश्रम पर मुख्यमंत्री ने विस्तार से जानकारी प्राप्त की. कामों में तेजी लाते हुए फरवरी 2019 तक कार्य को पूरा करने का निर्देश मुख्यमंत्री ने दिया। प्रधानमंत्री आवास  योजना की समीक्षा के क्रम में उपायुक्त ने मुख्यमंत्री को जानकारी दी कि 27000 लोगों को आवास उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है जिसके लिए 165 एकड़ जमीन की आवश्यकता है।  उपायुक्त ने कहा इसके लिए 35 एकड़ जमीन नगर विकास विभाग को हस्तांतरित की जा चुकी है।  एक सप्ताह के अंदर जुबली पार्क से हटाए गए दुकानदारों के संबंध में निर्णय करने का निर्देश मुख्यमंत्री ने दिया. उन्होंने कहा कि सरकार के राजस्व में इजाफा करने के लिए वैसी जमीने जो कि अनुपयोगी हैं उनका ऑक्शन किया जाए इसके लिए एक बैठक  रांची में आयोजित की जाएगी. साथ ही गुजरात मॉडल को अपनाते हुए प्रधानमंत्री आवास योजना के कार्यों में तेजी लाने का निर्देश मुख्यमंत्री ने दिया. प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के संबंध में उपायुक्त ने बताया कि पूर्वी सिंहभूम जिले के सुदूरवर्ती ग्रामीण क्षेत्रों में भी छत निर्माण के लिए आरसीसी रूप का ही उपयोग हो रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जनहित में अतिक्रमण को हटाया जाता है तो विस्थापित किए जाने वाले दुकानदारों को अन्यत्र व्यवस्थित रुप से पुनर्वासित करें। उन्होंने कहा कि इस संबंध में सरकार का स्पष्ट मानना है कि गरीबों को स्थान से हटाने के पूर्व सर्वे कराकर पूरी रणनीति तय कर ली जाए। जुबली पार्क क्षेत्र से जो दुकानदार हटाए गए हैं जगह चिन्हित कर के पार्किंग और वेंडिंग जोन की व्यवस्था की जाए जिससे कि हटाए गए दुकानदारों को आजीविका अर्जन में परेशानी का सामना ना करना पड़े। मुख्यमंत्री ने कहा कि पोटका डुमरिया सहित जिले के जो अन्य क्षेत्र उग्रवाद से मुक्त हो रहे हैं वहां पर अब आधारभूत सुविधाओं से संतृप्त करने की आवश्यकता है। इसके लिए जिले के विभिन्न नामी-गिरामी उद्योग घरानों से निगमित सामाजिक दायित्व के तहत अपनी भागीदारी सुनिश्चित करने का आह्वान मुख्यमंत्री ने किया. इस संदर्भ में एक बैठक आयोजित करने का निर्देश जिले के उपायुक्त को मुख्यमंत्री ने दिया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि विलुप्त हो रही जनजातियों की चिंता सभी को करनी चाहिए और उनके संरक्षण के उपाय खोजने चाहिए ताकि उनकी कला संस्कृति को सहेजते हुए हम आगे आने वाली पीढ़ी को सौंप सके। उन्होंने कहा कि पत्तल बनाने की मशीन ग्रामीणों को उपलब्ध कराएं। महिलाओं द्वारा धान से निर्मित मूढ़ी की पैकेजिंग, ब्रांडिंग और मार्केटिंग सुनिश्चित कराएं। बांस की बनी वस्तुओं की अंतरराष्ट्रीय बाजार में बहुत मांग है। कच्चे माल का उपयोग करते हुए घर-घर उद्योग खोलने का निर्देश मुख्यमंत्री ने दिया। उन्होंने कहा कि महिलाओं को प्रशिक्षण दें और मुसाबनी, चाकुलिया जैसे क्षेत्रों में जहां पर कच्चे माल की अधिक उपलब्धता है वहां हर घर में उद्योग हो। गरीबों का जीवन उन्नत बने। वन से उत्पादित अत्यंत अधिक उपज हैं जिससे कि ग्रामीणों के जीवन में बदलाव लाया जा सकता है। इसके लिए जगह चिन्हित करने और टीम को नियोजित करके महिला हाट का आयोजन सुनिश्चित करने का निर्देश मुख्यमंत्री ने दिया। घर बैठे महिलाओं को आय का स्त्रोत प्राप्त हो इसके लिए कार्यनीति बनाई जाए। कृषि के अलावा भी आय का विकल्प उपलब्ध होगा और आय दोगुनी होगी।
 

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