झारखंड विधान सभा में गिरिडीह विधान सभा के एक ज़िम्मेवार विधायक सुदिव्य कुमार सोनू के द्वारा पत्रकारों को पत्तलकार की संज्ञा दिये जाने का पत्रकारों का राष्ट्रीय स्तर का संगठन जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया के राष्ट्रीय कार्यसमिति के सदस्य अशोक झा ने कड़ा एतराज जताया है । उन्होने कहा कि पत्रकार लोकतन्त्र का चौथा स्तम्भ है । 

जिस तरह संबिधान और नियम के तहत कार्यपालिका, न्यायपालिका और विधानपालिका देश हित में आम लोगों की सेवा करने के लिये अपना कार्य करती है उसी प्रकार लोकतन्त्र का चौथा स्तम्भ मीडिया जो आम लोगों इन तीनों स्तंभों द्वारा किये जा रहे अच्छे और बुरे कार्यों की जानकारी आम जनता तक पहुंचाती है जो इस देश का असली मालिक है और जिसके दिये हुए कर के पैसे से पूरे देश का खर्चा चलता है । 

उन्होने आगे कहा कि लोकांतांत्रिक व्यवस्था के तहत देश की जनता इस देश का असली मालिक है और हमारे जनप्रतिनिधि या जितने भी सरकार के कर्मी है सभी जनता के सेवक है और जनता के लिये ही काम करते है जिसके लिये इस देश की जनता खुद मेहनत और मजदूरी करके सभी को उसके काम के बदले वेतन भी देती है ।

हमारे संबिधान में हम सभी को अपने अपने स्तर से इस देश के असली मालिक जनता के लिये कार्य करने का एक दायरा बनाया गया है साथ ही हमारे लोकांतांत्रिक व्यवस्था की मजबूती के लिये हम सभी को एक दूसरे का सम्मान का खयाल रखना भी हम सबकी जवाबदेही है । हमारे विधायक जो आम जनता द्वारा सीधे चुनकर विधान सभा में जाते है और आम जनता की बात को उस सदन तक पहुंचाने की उनकी बड़ी जवाबदेही होती है । उनके द्वारा लोकतन्त्र के चौथे स्तम्भ मीडिया के लिये इस तरह के घटिया शब्दों का इस्तेमाल करना काफी आपत्तिजनक है । 

उन्होने कहा कि कि बहुत जल्द राष्ट्रीय अध्यक्ष अनुराग सक्सेना जी और अन्य राष्ट्रीय कमिटी के पदाधिकारियों के विचार विमर्श के बाद झारखंड सहित पूरे देश में पत्रकारों की कई समस्याओं के निराकरन के लिये चरणबद्ध तरीके से आंदोलन शुरू किया जाएगा और संगठन का विस्तार देश के सभी जिले और ब्लॉक स्तर तक किया जाएगा ।

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