झारखंड में जाना माना संस्थान है सत्यानन्द योग मिशन। इसके  अध्यक्ष योगा गुरु मुक्तरथजी  के दिशा-निर्देशन में आज से एक सप्ताह का योगाभ्यास साधना सत्र केंद्रीय मनश्चिकित्सा संस्थान(सीआईपी) काँके में शुरू किया गया। 

कार्यक्रम में संस्थान के निदेशक बासुदेव दास, वरिष्ठ चिकित्सा पदाधिकारी डॉ संजय मुंडा सहित काफी संख्या में डॉक्टर्स, नर्स, और संस्थान के कर्मचारी तथा स्वास्थ्य लाभ लेने वाले आवासीय मरीज योगासन, प्राणायाम एवं शिथिलीकरण का अभ्यास किये।

पुरुष वर्ग में योग कक्षा का संचालन योगाचार्य गौरव कुमार और अवनीश कुमार ने किया, जबकि महिला वर्ग में योग कक्षा का संचालन योग प्रशिक्षक पियुष कुमार और अंशु कुमार ने किया।

शान्ति मन्त्र से योग कक्षा की शुरुआत हुई तत्पश्चात सभी लोगों को ताड़ासन, कटि चालन, त्रिकोणासन,वृक्षासन,पाद हस्तासन, अर्ध चक्रासन, जोड़ों के सूक्ष्म अभ्यास, मेरु वक्रासन,उत्तान कुर्मासन, कंधरासन(सेतुबंध),शशांकासन/शशकासन, उष्ट्रासन, मकरासन, उत्तान पादासन, शलभासन, भुजंगासन, शवासन तथा प्राणायाम में नाड़ीशोधन, कपालभाति, सीतली/सीत्कारी एवं भ्रामरी को कराया गया। 

राँची के कांके ब्लॉक स्थित सीआईपी के निदेशक डॉ वासुदेव दास ने कहा योग केवल शरीर के फिटनेश के लिए नहीं है ,यह योग मानसिक सबलता को लाता है और मन को तनावमुक्त रखता है,यह भावनात्मक असंतुलन को ठीक करता है तथा जीवन को आनंदमय बना देता है।सभी लोगों को अपने दिनचर्या में योग को शामिल करना बहुत जरूरी है।

योगाचार्य गौरव कुमार ने कहा वर्तमान समय बिकट स्थिति के दौर से गुजर रहा है, हर तरफ अशांति, तेजी से बढ़ता डिप्रेशन,सुसाईडल केश,और कम उम्र में बढ़ता रोग इन सभी को योग और ध्यान करके ठीक किया जा सकता है। अव्यवस्थित समाज को स्थिर किया जा सकता है।

"मानशिक सबलता,भावनात्मक संतुलन और जीवन में आनन्द लाने के लिये करें योग "। ये कहना है  डॉ बासुदेव दास, निदेशक, सीआईपी का।

support jharkhand state news

If you value our journalism, consider making a voluntary contribution to help us continue bringing news, stories and information to our readers.

Scan the QR code to contribute

Support Jharkhand State News via UPI

Every contribution, big or small, is appreciated.

must read