जी20 के तहत आयोजित वाई 20 कार्यक्रम में झारखंड के आलोक कुमार चौधरी ने संबोधित किया। इस कार्यक्रम का आयोजन जी20 के तहत युवा मामले एवं खेल मंत्रालय भारत सरकार के नेतृत्व में  कलिंग इंस्टीट्यूट ऑफ इंडस्ट्रियल टेक्नोलॉजी, भुवनेश्वर में 14 से 15 अप्रैल आयोजित किया गया, जहां  झारखंड से राष्ट्रीय युवा पुरस्कार प्राप्त आलोक कुमार चौधरी, एक स्पीकर के रूप में आमंत्रित किए गए थे। 

इस अंतर्राष्ट्रीय कार्यक्रम में आलोक द्वारा  डिज़ाइनिंग डेसरपटिव टेक्नॉलजी विषय पर व्याख्यान देते हुए अपने कार्यानुभव द्वारा कृषि, शिक्षा एवं ऑटोमोटिव सेक्टर के लिए ऐसे नवीन प्रोद्योगिकी एवं तकनीक के बारे में बताया गया जिससे इन देशों के किसानों की आय दुगुनी हो सकती है, शिक्षा का स्तर में वैज्ञानिक सोच का विकास हो सकता है। साथ ही जहां पूरा विश्व पेट्रोल-डीजल की महंगाई की मार झेल रही है, उससे भी निजात पाया जा सकता है। 

इस कार्यक्रम में आलोक द्वारा चार विश्वाश को विश्व के युवाओं से साझा किया गया, जिसमें उन्हे आत्मविश्वासी बनने, कार्बन उत्सर्जन में कमी करने, दूसरे देशों पर अपनी निर्भरता काम करने, एवं इलेक्ट्रिक वाहन को अपनाने पर जोर दिया गया। उनके ऐसे अनूठे एवं विश्व के लिए हितकारी सोच को सराहते हुए सम्मानित भी किया गया। 

उनके इन विचारों के सभी जी 20 देशों के युवाओं को सुनने के लिए प्रसारित भी किया गया। आलोक के ही पैनल में पदमश्री आनंद कुमार ने भी जी 20 देशों के प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए कहा की जो भी करें मैं लगाकर करें। 

कार्यक्रम में ये रहे उपस्थित विभिन्न देशों के अंतर्राष्ट्रीय प्रतिनिधि के रूप में जी 20 देशों के सांसद, राजदूत एवं विश्वविद्यालयों के प्रोफेसर, वहाँ के युवाओं आदि ने भाग लिया, इन देशों में संयुक्त राज्य अमेरिका, स्विट्जरलैंड, यूक्रेन, यूके, जर्मनी, हंगरी, मैक्सिको, पोलैंड, ऑस्ट्रीया, स्वीडन, सिएरा लियोन, आर्मेनिया, माल्टा, बुलगेरिया, स्लोवाकिया, कांगो आदि  मजूद रहें। 

वहीं भारत से अतिथि के रूप में माननीय राज्य मंत्री उपभोक्ता मामले, खाद्य और सार्वजनिक वितरण, पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन, भारत सरकार श्री अश्विनी कुमार चौबे, ओडिशा के राज्य गृह, युवा मामले एवं इलेक्ट्रानिक्स एंड आईटी मंत्री तुषारकांती बहेरा, ओडिशा के उच्च शिक्षा मंत्री रोहित पुजारी, के अलावा कई लोकसभा एवं राज्यसभा के सांसद मौजूद रहे।

support jharkhand state news

If you value our journalism, consider making a voluntary contribution to help us continue bringing news, stories and information to our readers.

Scan the QR code to contribute

Support Jharkhand State News via UPI

Every contribution, big or small, is appreciated.

must read