

भारत सरकार, एमएसएमई मंत्रालय के एमएसएमई-विकास कार्यालय, रांची द्वारा पीएम विश्वकर्मा योजना के लाभार्थियों के लिए दो दिवसीय प्रदर्शनी सह व्यापार मेला का आयोजन दिनांक 09 मार्च से 10 मार्च, 2026 तक मारवाड़ी भवन, हरमू रोड, रांची में किया जा रहा है। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य झारखंड राज्य के पीएम विश्वकर्मा योजना के लाभार्थियों को उनके उत्पादों की बिक्री हेतु मार्केटिंग सपोर्ट प्रदान करना है।
इस कार्यक्रम का उद्घाटन दिनांक-09.03.26 को मारवाड़ी भवन, हरमू रोड, रांची में श्री इंद्रजीत यादव, निदेशक, एमएसएमई-विकास कार्यालय, रांची, श्री संतोष कुमार सिन्हा, उप महाप्रबंधक, एसएलबीसी, रांची, श्री राजीव रंजन, महाप्रबंधक, जिला उद्योग केन्द्र, रांची एवं अन्य गणमान्य अतिथियों के द्वारा दीप प्रज्वलित करके किया गया।
कार्यक्रम के संयोजक श्रीमती ज्योत्सना गुड़िया, सहायक निदेशक ने उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथि एवं सभी गणमान्य अतिथियों का स्वागत किया तथा कार्यक्रम के उद्देश्य एवं रूप–रेखा से अवगत कराते हुए बताया कि इस आयोजन का उद्देश्य स्थानीय कारीगरों और प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना के लाभार्थियों को अपने पारंपरिक शिल्प और उत्पादों को प्रदर्शित करने, उद्यमिता को बढ़ावा देने और बाजार संबंधों को मजबूत करने के लिए एक विपणन मंच प्रदान करना है।

मुख्य अतिथि श्री संतोष कुमार सिन्हा, उप महाप्रबंधक, एसएलबीसी, रांची, ने कहा कि पारंपरिक शिल्पकारों और कारीगरों के विकास के लिए यह आयोजन एमएसएमई-विकास कार्यालय, रांची द्वारा एक सराहनीय प्रयास है। यह आयोजन स्थानीय कारीगरों के लिए अपने उत्पादों को प्रदर्शित करने का एक महत्वपूर्ण अवसर है। उन्होंने प्रतिभागियों को इस आयोजन का ज्यादा से ज्यादा लाभ लेने की अपील की।
इस कार्यक्रम में श्री राजीव रंजन, महाप्रबंधक, जिला उद्योग केन्द्र, रांची, श्री बैद्यनाथ हेम्ब्रम, सहायक निदेशक, आरडीएसडीई, रांची एवं श्री आनंद गोठी, उप निदेशक, एमएमएलकेयुवीबी, रांची ने भी प्रतिभागियों को संबोधित किया।
*स्थानीय कारीगरों की समृद्धि बढ़ाने में मदद करेगा प्रदर्शनी-सह-व्यापार मेला*
श्री इंद्रजीत यादव, निदेशक, एमएसएमई-विकास कार्यालय, रांची ने कार्यक्रम के उद्घाटन सत्र में अपने अध्यक्षीय अभिभाषण में कहा कि भारत सरकार की ओर से प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना, विश्वकर्मा जयंती दिनांक-17 सितम्बर, 2023 को प्रधानमंत्री जी के द्वारा डिजिटली लौंच (लागू) की गई थी।
यह प्रदर्शनी-सह-व्यापार मेला स्थानीय कारीगरों को उनके सामर्थ्य एवं समृद्धि को बढ़ने में मदद करेगा जिससे उनके आय में वृद्धि होगी। उन्होंने सभा में उपस्थित पारंपरिक विद्याओं में कार्य करने वाले कारीगरों और शिल्पकारों से इस मेले का लाभ लेते हुए ऑनलाइन मार्केटिंग के बारे में ज्यादा से ज्यादा सीखने का आह्वान किया।
*डिजिटल मार्केटिंग एवं ई-कॉमर्स पर तकनीकी सत्र*
तकनीकी सत्र में एक्सपर्ट फैकल्टी द्वारा डिजिटल मार्केटिंग एवं ई-कॉमर्स के माध्यम से प्रतिभागियों को ऑनलाइन बाजार में अपने उत्पादों को विक्रय करने के बारे में विस्तार से बताया गया। प्रोडक्ट के कीमत निर्धारण, पैकेजिंग, लेबलिंग एवं ई-कॉमर्स साइट पर ऑनबोर्डिंग के बारे में सरल शब्दों में सभी प्रतिभागियों को अवगत कराया गया।

जेम पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करने की प्रक्रिया, उद्यम पंजीकरण की प्रक्रिया, पात्रता एवं मिलने वाले लाभ के बारे में विस्तृत जानकारी भी दी गयी। प्रबंधक, आईपीपीबी, रांची द्वारा पीएम विश्वकर्मा लाभुकों को यूपीआई क्यू आर कोड बनाकर दिया गया जिससे उन्हें यूपीआई लेन देन में सुविधा हो।
श्री सुरेन्द्र शर्मा, सहायक निदेशक, एमएसएमई-विकास कार्यालय, रांची ने उद्घाटन कार्यक्रम की समाप्ति पर सभा में उपस्थित सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों का धन्यवाद ज्ञापन किया।
एमएमएलकेयुवीबी, रांची के अधिकारीयों एवं स्टेट पीएमयु टीम ने कारीगरों के मोबिलाइजेशन में सहयोग दिया। झारखंड राज्य के 100 शिल्पकारों और कारीगरों द्वारा इस प्रदर्शनी सह व्यापार मेले में शामिल होकर विविध स्टॉलों में अपने उत्पादों का प्रदर्शन किया जा रहा है। जनता से अपील है कि वे ज्यादा से ज्यादा संख्या में इस मेले में आकर हमारे विश्वकर्मा कारीगरों एवं शिल्पकारों के हुनर का सम्मान कर उन्हें प्रोत्साहित करें।