
झारखंड की बेटी एवं भारतीय महिला हॉकी टीम की कप्तान सलीमा टेटे के नेतृत्व में भारतीय महिला हॉकी टीम ने एशियाई खेलों में 44 साल बाद स्वर्ण पदक जीतकर नया इतिहास रच दिया है।
इस ऐतिहासिक उपलब्धि के साथ भारत ने लॉस एंजिल्स ओलंपिक के लिए सीधे क्वालीफाई भी कर लिया है। इस ऐतिहासिक सफलता के लिए भारतीय महिला हॉकी टीम की सभी खिलाड़ियों, मुख्य कोच, सपोर्ट स्टाफ एवं पूरी टीम को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं।
जब महिला टीम के विदेशी कोचिंग निर्णय को लेकर देशभर में आलोचनाएं हो रही थीं, उस समय हॉकी इंडिया के महासचिव श्री भोलानाथ सिंह एवं हॉकी इंडिया के समर्पित पदाधिकारियों ने आलोचनाओं की परवाह किए बिना कठिन और महत्वपूर्ण निर्णयों पर दृढ़ता से काम किया।
एशियाई खेलों के दौरान भी श्री भोलानाथ सिंह सहित हॉकी इंडिया के कुछ पदाधिकारी अपने परिवार से दूर जापान में डटे रहे और टीम का लगातार उत्साहवर्धन करते रहे। उनके महत्वपूर्ण निर्णयों और टीम को दिए गए समर्थन ने इस ऐतिहासिक अभियान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
आज भारतीय महिला हॉकी ने 44 वर्ष बाद एशियाई खेलों का स्वर्ण पदक जीतकर देश का गौरव बढ़ाया है और ओलंपिक का सीधा टिकट हासिल किया है। पूरी भारतीय महिला हॉकी टीम को कोटि-कोटि बधाई एवं शुभकामनाएं।
साथ ही इस ऐतिहासिक उपलब्धि में योगदान देने वाले हॉकी इंडिया के सभी पदाधिकारियों और सहयोगियों को भी हार्दिक बधाई एवं साधुवाद।
मनोज कोनबेगी, महासचिव हॉकी झारखंड