रांची:मुख्यमंत्री की सतत निगरानी में कोविड मरीजों की चिकित्सा और उन्हें राहत पहुंचाने के लिए युद्धस्तर पर तैयारियां की जा रही है। हाल के कुछ दिनों में ऑक्सीजन सपोर्टेड बेड की काफी जरूरत महसूस की जा रही थी। मुख्यमंत्री ने खुद इस मामले की समीक्षा कर रहे थे और उन्होंने यथाशीघ्र बेड के इंतजाम करने का निर्देश दिया था। मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद राज्य के सभी जिलों में कम से कम 50 ऑक्सीजन सपोर्टेड बेड की व्यवस्था की गई है।  सिर्फ 15 दिनों में ही राज्य में 1824 नये ऑक्सीजन सपोर्टेड बेड की व्यवस्था की गई है। बता दें कि राज्य में कुछ दिनों पहले तक 7201 सामान्य बेड थे। अभी इनकी संख्या 12,012 हो गई है।

इसी तरह ऑक्सीजन सपोर्टेड बेड की संख्या 1459 थी इनकी संख्या बढ़ाकर 5947 हो गई है। आईसीयू बेड (एनआइवी + नार्मल) की संख्या पहले 481 थी अब इनकी संख्या बढ़ाकर 3272 की गई है। वेंटिलेटर की संख्या को 502 से बढ़ाकर 634 किया गया है।

 

*रांची में भी बढ़ी बेड की संख्या*

रांची में ऑक्सीजन सपोर्टेड बेड की संख्या 486 से बढ़ाकर 1362 कर दी गई है। आईसीयू बेड की संख्या 211 से बढ़ाकर 395 की गई है, वही वेंटिलेटर की संख्या 120 थी अब इनकी संख्या 169 की गई है। पूर्वी सिंहभूम में कोविड के मरीजों की संख्या के मद्देनजर 263 नए ऑक्सीजन सपोर्टेड बेड की व्यवस्था की गई है। बोकारो में 174, हजारीबाग में 90 और सिमडेगा में 200 नए ऑक्सीजन सपोर्टेड बेड लगाए गए हैं।

राज्य सरकार के निर्देश के आलोक में उन सभी जिलों में ज्यादा संख्या में ऑक्सीजन सपोर्टेड बेड की व्यवस्था की गई है जहां से ज्यादा मरीज आ रहे हैं।
बाकी जिलों में भी जरूरी व्यवस्था की गई है। 24 अप्रैल तक बेड की संख्या और भी बढ़ा दिया जाएगा। इसके अलावा कोविड पर अंकुश लगाने के लिए अन्य जरूरी व्यवस्थाएं भी की जा रही है।

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