Jharkhand Governor Syed Ahmad today told the top brass of the state government that he wants work and not explanation.”Now ,no slackness in disposal of the works will be pardonable”,he said.

A press release issued by the public relations department in Hindi said as follows:

महामहिम राज्यपाल डा0 सैयद अहमद ने पदाधिकारियों से कहा है कि मुझे काम चाहिये व्याख्या नहीं। कार्य निष्पादन में किसी भी प्रकार की षिथिलता अब क्षम्य नहीं होगा। महामहिम राज्यपाल आज प्रोजेक्ट भवन सिथत अपने कार्यालय कक्ष में अल्पसंख्यकों से संबंधित विभिन्न समस्याओं के निराकरण के संबंध में आयोजित एक उच्चस्तरीय बैठक को सम्बोधित कर रहे थे। बैठक में राज्यपाल के परामर्षी श्री मुधुकर गुप्ता तथा श्री के. विजय कुमार, मुख्य सचिव श्री आर.एस. शर्मा, विकास आयुक्त श्री ए.के. सरकार, प्रधान सचिव, कल्याण विभाग श्री खियांग्ते, प्रधान सचिव, मानव संसाधन श्री डी.के. तिवारी, राज्यपाल के प्रधान सचिव श्री एन.एन. सिन्हा, प्रधान सचिव, नगर विकास विभाग श्री अरूण सिंह एवं अन्य पदाधिकारी उपसिथत थे।

महामहिम राज्यपाल ने निदेष दिया कि हज का समय प्रारम्भ होने के पूर्व हर हाल में हज हाउस का निर्माण पूर्ण हो तथा वह सुन्दर एवं सुसजिजत हो, यह सुनिषिचत किया जाय। महामहिम ने निदेष दिया कि हज हाउस के निर्माण में गड़बड़ी के लिए जिम्मेदार व्यकितयों पर शीघ्र कार्रवार्इ करें। उन्होंने कहा कि अब हज हाउस का निर्माण कार्य आवास विभाग से लेकर भवन निर्माण विभाग को दे दिया जाय, जो समय सीमा के पूर्व निर्माण कार्य को पूरा करे।

महामहिम राज्यपाल ने निदेष दिया कि सच्चर कमिटि के अनुषंसाओं को राज्य में लागू करने हेतु विकास आयुक्त सभी सम्बद्ध विभागों से समन्वय कर एक समेकित प्रतिवेदन इस माह के अन्त तक दें। उन्होंने उदर्ू षिक्षकों की नियुकित में हो रहे विलम्ब के संबंध में भी जानकारी प्राप्त की। इस विषय में मानव संसाधन विभाग के प्रधान सचिव ने जानकारी दी कि षिक्षक पात्रता परीक्षा के परिणाम आने के बाद नियुकित प्रक्रिया शुरू हो जायेगी।

महामहिम राज्यपाल ने उदर्ू अकादमी तथा अन्य भाषार्इ अकादमी के गठन की भी जिम्मेदारी राजभाषा विभाग को देने का भी निदेष दिया। राज्यपाल महोदय ने इस्लामनगर के विस्थापितों के पुनर्वास तथा अल्पसंख्यक आयोग एवं वक्फ बोर्ड के संबंध में भी जानकारी प्राप्त की।

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